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Saturday, 16 September 2017

मोदी जी के नेतृत्व में शुभ एवं श्रेयस्कर भारत निर्मित हो रहा है

माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी नया भारत बनाने की बात कर रहे हैं। वे भारत को भौतिक दृष्टि से ही नहीं बल्कि नैतिक दृष्टि से भी सशक्त बनाना चाहते हैं। स्वतंत्रता के सातवें दशक में पहुंचकर पहली बार ऐसा आधुनिक भारत खड़ा करने की बात हो रही है जिसमें नये शहर बनाने, नई सड़कें बनाने, नए कल-कारखानें खोलने, नई तकनीक लाने, नई शासन-व्यवस्था बनाने के साथ-साथ नया इंसान गढ़ने का प्रयत्न हो रहा है। एक शुभ एवं श्रेयस्कर भारत निर्मित हो रहा है।
जब से माननीय श्री नरेन्द्र मोदी जी प्रधानमंत्री बने हैं, एक नई सभ्यता और एक नई संस्कृति करवट ले रही है। नये राजनीतिक मूल्यों, नये विचारों, नये इंसानी रिश्तों, नये सामाजिक संगठनों, नये रीति-रिवाजों और नयी जिंदगी की हवायें लिए हुए आजाद मुल्क की एक ऐसी गाथा लिखी जा रही है, जिसमें राष्ट्रीय चरित्र बनने लगा है, राष्ट्र सशक्त होने लगा है, न केवल भीतरी परिवेश में बल्कि दुनिया की नजरों में भारत अपनी एक स्वतंत्र हस्ती और पहचान लेकर उपस्थित है। चीन की दादागिरी और पाकिस्तान की दकियानूसी हरकतों को मुंहतोड़ जबाव पहली बार मिला है। चीन ने कभी कल्पना भी नहीं की होगी कि सीमा विवाद को लेकर डोकलाम में उसे भारत के कड़े प्रतिरोध का सामना करना पड़ेगा। यह सब मोदी के करिश्माई व्यक्तित्व का प्रभाव है। उन्होंने लोगों में उम्मीद जगाई, देश के युवाओं के लिए वह आशा की किरण हैं। इसका कारण यही है कि लोग ताकतवर और तुरन्त फैसले लेने वाले नेता पर भरोसा करते हैं ऐसे कद्दावर नेता की जरूरत लम्बे समय से थी, जिसकी पूर्ति होना और जिसे पाकर राष्ट्र केवल व्यवस्था पक्ष से ही नहीं, सिद्धांत पक्ष भी सशक्त हुआ है। किसी भी राष्ट्र की ऊंचाई वहां की इमारतों की ऊंचाई से नहीं मापी जाती बल्कि वहां के राष्ट्रनायक के चरित्र से मापी जाती है। उनके काम करने के तरीके से मापी जाती है।

हमारे राष्ट्रनायकों ने, शहीदों ने एक सेतु बनाया था संस्कृति का, राष्ट्रीय एकता का, त्याग का, कुर्बानी का, जिसके सहारे हम यहां तक पहुंचे हैं। मोदीजी भी ऐसा ही सेतु बना रहे हैं, ताकि आने वाली पीढ़ी उसका उपयोग कर सके। मोदीजी चाहते हैं कि हर नागरिक इस सेतु बनाने के लिये तत्पर हो। यही वह क्षण है जिसकी हमें प्रतीक्षा थी और यही वह सोच है जिसका आह्वान  है अभी और इसी क्षण शेष रहे कामों को पूर्णता देने का, क्योंकि हमारा भविष्य हमारे हाथों में हैं। 

हमारी सबसे बड़ी असफलता है कि आजादी के 70 वर्षों के बाद भी हम राष्ट्रीय चरित्र नहीं बना पाये। राष्ट्रीय चारित्र का दिन-प्रतिदिन नैतिक हृास हो रहा था। हर गलत-सही तरीके से हम सब कुछ पा लेना चाहते थे। अपनी स्वार्थ सिद्धि के लिए कर्तव्य को गौण कर दिया था। इस तरह से जन्मे हर स्तर पर भ्रष्टाचार ने राष्ट्रीय जीवन में एक विकृति पैदा कर दी थी। न केवल यूपीए के 10 वर्ष के शासन से बल्कि क्षेत्रीय पार्टियों एवं राज्यों में उनकी अलोकतांत्रिक एवं भ्रष्ट गतिविधियों से जनता ऊब चुकी थी और विपरीत एवं अराजक स्थितियां जनता को बार-बार अहसास दिला रही थी कि देश को एक ताकतवर नेता की जरूरत है जो कड़े त्वरित फैसले ले सके। लोग मोदीजी के हर फैसले का सम्मान कर रहे हैं। जब राजनीति निर्णायक हो तो चुनावी राजनीति भी निर्णायक हो जाती है। भारत की यह खासियत है कि जब-जब संक्रमणकाल आया, जनता ने स्वयं अपना नेता चुन लिया। नरेन्द्र मोदी को जनता ने स्वयं चुना है इसलिए वे जन-जन के नेता बन चुके हैं, सशक्त एवं तेजस्वी जननायक हैं।

नरेन्द्र मोदी शून्य से शिखर तक पहुंचे राजनीतिज्ञ ही नहीं बल्कि कुशल प्रशासक एवं प्रखर राष्ट्रनिर्माता हैं। राजनीतिक सफलता के लिये कूटनीति एवं राजनीतिक दांवपेंच जरूरी होते हैं और इसमें मोदीजी माहिर हैं, सिद्धहस्त हैं, लेकिन उनकी नजरों में सत्ता से ज्यादा अहमियत सिद्धान्तों की है। उनकी अपनी मौलिक सोच है, संकल्प है, सपना है और सार्थक प्रयत्न है। जिस दौर में लोगों की राजनीतिज्ञों के प्रति कोई आस्था नहीं, उस समय मोदीजी की लोकप्रियता में कोई कमी न आना, उनका जादू कायम रहना, चुनाव में भी कुछ बाधाओं को छोड़कर भाजपा को जीत दिलवाना और अपने विदेश दौरों के दौरान लगातार कूटनीतिक सफलताएं हासिल करना हैरान कर देने वाला है। इसका कारण है कि बदलती भारत की व्यवस्था के मंच पर बिखरते मानवीय मूल्यों के बीच अपने आदर्शों को, उद्देश्यों को, सिद्धान्तों को, परम्पराओं को और राजनीतिक जीवनशैली को वे नया रंग दे रहे हैं कि उससे उभरने वाली आकृतियां हमारी  न केवल वर्तमान पीढ़ी को बल्कि भावी पीढ़ी को भी आश्वस्त कर रही है, सही रास्ता दिखा रही है। दरअसल उन्होंने जनता का भरोसा जीत लिया है। दिन-रात अथक परिश्रम करके उन्होंने देश-विदेश में भारत को गौरव दिलाया है। वह गौरव जिसकी राष्ट्र को कई वर्षों से दरकार थी। सर्जिकल स्ट्राइक, स्वच्छता अभियान, योग को विश्व गरिमा प्रदान करना, नोटबंदी, भ्रष्ट राजनीतिज्ञों पर नकेल कसना और जीएसटी जैसे बड़े फैसले लेकर उन्होंने दिखा दिया कि एक ईमानदार एवं पारदर्शी सरकार क्या-क्या कर सकती है।

माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी एक दृढ़ संकल्पी एवं मनोबली व्यक्तित्व हैं। एक दृढ़ मनोबली व्यक्ति के निश्चय के सामने जगत् किस तरह झुक जाता है। बाधाएं अपने आप हट जाती हैं। जब कोई मनुष्य समझता है कि वह किसी काम को नहीं कर सकता तो संसार का कोई भी दार्शनिक सिद्धांत ऐसा नहीं, जिसकी सहायता से वह उस काम को कर सके। यह स्वीकृत सत्य है कि दृढ़ मनोबल से जितने कार्य पूरे होते हैं उतने अन्य किसी मानवीय गुणों से नहीं होते। मोदीजी जैसे मनोबली राजनीतिज्ञ दूसरा व्यक्तित्व न उनके अपने दल में है और न विपक्ष में।

मोदीजी का एक नया भारत बन रहा है। नये भारत का एक ऐसा प्रारूप प्रस्तुत हो रहा है जिसमें गरीबी, राजनीतिक भ्रष्टाचार, धार्मिक संघर्ष, अस्पृश्यता, नशे की प्रवृत्ति, मिलावट, रिश्वतखोरी, शोषण, दहेज और वोटों की खरीद-फरोख्त को विकास के नाम विध्वंस का कारण माना जा रहा है। भ्रष्टाचार और सुशासन में भाजपा को कोई घेर नहीं सकता। जनता को लोकतंत्र का असली अर्थ समझ में आने लगा है। जानकारी का अभाव मिटने लगा है। लोकतंत्र के सूरज को घोटालों और भ्रष्टाचार के बादलों ने घेरना बन्द कर दिया है। ज्यादा समय नहीं लगेगा कश्मीर की समस्या को सुलझने में। आतंकवाद और नक्सलवाद को भी समाप्त होना ही है। हमें ऐसी ही किरणों को जोड़कर नया सूरज बनाना होगा, नया भारत बनाना होगा। कुछ चीजों का नष्ट होना जरूरी था, अनेक चीजों को नष्ट होने से बचाने के लिए। जो नष्ट हो चुका वह कुछ कम नहीं, मगर जो नष्ट होने से बच गया वह उस बहुत से बहुत है। 


मन की बातकरने वाले मोदीजी देश के लिये ही सोचते हैं, देश के लिये ही करते हैं, देश के लिये ही जीते हैं। जबकि अब तक की राजनीति में सब कोई अपने लिये और अपने स्वार्थों के लिये जी रहे थे। सबसे बड़ी पार्टी की कुछ ऐसी ही गलत नीतियां रही है कि आज उसका सफाया हो चुका है। भारत को कांग्रेस मुक्त करने के संकल्प को पूरा करने में मोदीजी को ज्यादा वक्त नहीं लगा। भाजपा ने राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस की जगह ले ली है। बात कांग्रेस की ही नहीं, बात राष्ट्रीय चरित्र को धुंधलाने की है। माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी और माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह जी ने बिहार में चुनावी हार को जीत में बदलने में कितना समय लिया? देश की कुल आबादी के करीब सत्तर फीसदी पर भाजपा का शासन हो चुका है। यह सब मोदी जी का नहीं, उन मूल्यों का जादू है जिनसे लोकतंत्र मजबूत बनता है, राष्ट्र मजबूत बनता है, समाज मजबूत बनता है और व्यक्ति मजबूत बनता है। कोई भी व्यक्ति दूसरों की नकल कर आज तक महान् नहीं बन सका। सफलता का अनुकरण नहीं किया जा सकता। मौलिकता अपने आप में एक शक्ति है जो व्यक्ति की अपनी रचना होती है एवं उसी का सम्मान होता है। संसार उसी को प्रणाम करता है जो भीड़ में से अपना सिर ऊंचा उठाने की हिम्मत करता है, जो अपने अस्तित्व का भान कराता है। 

Thursday, 25 May 2017

गर्व करने के तीन साल. देश दीवाना मोदी का...


लगभग 6 दशक बाद सन 2014 में केंद्र में पूर्ण बहुमत के साथ बनी भाजपानीत एनडीए की सरकार को बने आज 26 मई को 3 साल पूरे हो गए. भारतीय जनता पार्टी के ‘सबका साथ-सबका विकास’ के मूलमंत्र के साथ काम के प्रति अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति के साथ देश को बदलाव के रास्ते पर आगे ले जा रहे माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में सरकार ने इन बीते 3 वर्षों में उन कार्यों पर ध्यान केन्द्रित कर नीति और कार्यक्रम बनाते हुए फैंसले लिए है, जिससे आज सामान्य जन की जिन्दगी में आया बदलाव साफ दिखाई देता है. सरकार और सरकार के किसी भी नुमाइंदे पर भ्रष्टाचार का कोई भी धब्बा न लगना सरकार की श्रेष्ठ उपलब्धियों में से जहां सबसे ऊपर रखी जाएगी. वहीं, कार्यों को लेकर बदली कार्यसंस्कृति से सरकार में बैठे छोटे-बड़े सभी लोगों में काम करते हुए आगे बढ़ने की प्रतिस्पर्धा साफ़ दिखाई देती है. देश की यह पहली सरकार है जिसे हम नतीजा देने वाली सरकार कह सकते हैं. यह सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी की नीतियों और कार्यक्रमों में देश के करोड़ों-करोड़ों लोगों के किए गए भरोसे के निवेश को दर्शाता है. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार की नीतियों को आज देश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार काम करते हुए आगे बढ़ाने में सबसे बड़ी सहायक सिद्ध हो रही है. भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष माननीय श्री अमित शाह जी ने हाल ही में टीवी चैनलों को दिए अपने इंटरव्यू में बहुत प्रेरक बात कही है कि भारतीय जनता पार्टी देश में सरकार चलाने के लिए नहीं, देश चलाने के लिए काम कर रही है. जिससे आज देशभर में चौतरफा काम करने का माहौल बना हुआ है. ऐसा हमारे माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के प्रेरक संदेशों और काम करने के तरीको और लिए जा रहे फैंसलों से हुआ है. यही कारण है कि सकारात्मक उर्जा से लबरेज़ देश की नौजवान पीढ़ी अपने नए आईडिया से काम करते हुए देश और दुनिया को अचरज में डाल रही है. देश की 125 करोड़ की आबादी से भी अधिक लोगों के मिले भरोसे से माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी देश और जनहित में निर्णायक फैंसला लेते हुए आगे बढ़ रहे हैं. ऐसे फैंसलों पर देश की जनता अपने भरोसे की मुहर भी लगाती जा रही है. ऐसे फैंसलों में बीते महीनों लिया गया नोटबंदी का फैंसला मुख्य रूप से सामने रखा जा सकता है. वहीं, देश की बाहरी और आंतरिक सुरक्षा से कोई भी समझौता न करना सरकार की पहचान और ताकत बन गई है. पड़ोसी पाकिस्तान देश में घुसकर आतंकी ठिकानों पर की गई सर्जिकल स्ट्राइक और छत्तीसगढ़ व झारखण्ड में नक्सलियों को ठिकाने लगाना सरकार का साहसिक कदम कहा जा सकता है. भारतीय सेना ने जिस प्रकार सफलतापूर्वक सर्जिकल स्ट्राइक को अंजाम दिया, उसके लिए उसकी जितनी प्रशंसा की जाएं वह कम है. यह भारतीय सेना की पहचान है. ताकत है.


मुझे आपके सामने यह बात कहते हुए काफी गर्व और ख़ुशी की अनुभूति हो रही है कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के स्तर पर लांच की गई मेक इन इंडिया और डिजिटल इंडिया जैसी योजना से जुड़कर और काम कर देश नए भारत के निर्माण के लिए न सिर्फ पूर्ण रूप से तैयार हो गया, बल्कि वह आगे भी बढ़ चला है. जिसे माननीय प्रधानमंत्री जी ने न्यू इंडिया विज़न का नाम दिया है. आज तकनीक किस प्रकार हमारे जीवन को बदल रही है उसे समय रहते समझते हुए डिजिटल इंडिया का जो कांसेप्ट हमें मिला है उसने युवा पीढ़ी को तो एक प्रकार से दीवाना बना दिया है. आज कोई भी काम हो उसमें हमारे देश की नौजवान पीढ़ी की यह दीवानगी देखी जा सकती है. हमारी यही पीढ़ी है जो अपने से अधिक उम्र के लोगों को इस क्षेत्र में तकनीक के स्तर पर शिक्षित कर उसे बनते नए भारत की मुख्यधारा में लाने का काम कर रही है. यहां मैं स्किल इंडिया, स्टार्टअप इंडिया, स्टैंडअप इंडिया का भी जिक्र करना जरुरी समझता हूँ. प्रधानमंत्री जी की उज्ज्वला योजना ने तो एक प्रकार से देश की करोड़ों गृहणियों की जिन्दगी में उजाला ला दिया. अब से पहले हमारी गृहणियों को खाना बनाते समय जहां लकड़ियों और कोयले की धुआं से अपना स्वास्थ्य दाँव पर लगाना पड़ता था वहीं, आज ऐसी गृहणियों को सरकार ने गैस सिलेंडर पहुंचाकर उनका स्वास्थ्य बचा लिया. इस बीच पहल योजना के अंतर्गत गैस सिलेंडर पर उपभोक्ताओं की मिलने वाली सब्सिडी उनके बैंक खाते में सीधी ट्रान्सफर करने का ऐतिहासिक काम सरकार ने किया है. सरकार के इस निर्णय और काम से पहले इस काम में भ्रष्टाचार का जो नाला बह रहा था उसे हमेशा के लिए खत्म कर देने का काम भी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की सरकार ने किया है. ‘एक देश – एक कर’ लाने वाली यह पहली सरकार है. जिसे जीएसटी का नाम दिया गया है. इस जीएसटी के अस्तित्व में आने से पहले देश के लोगों को कई तरह के करों का बोझ उठाना पड़ रहा था जो उनके लिए असहनीय हो गया था. मैं कहता हूँ कि इस सरकार का आप कोई भी काम उठाकर देख लें वह अपने नतीजों से सामान्य जन की जिन्दगी में बदलाव लाने वाला कारक साबित हो रहा है. प्रकाश पथ योजना के जरिए आज देश का वह कोना भी एलईडी बल्ब से जगमगा रहा है जहां देश की आज़ादी के 60 साल बाद भी रोशनी का एक कतरा तक उनके नसीब में नहीं था. इस बीच कितनी ही सरकार आई और चली गई. संक्षेप में कहूं तो केंद्र सरकार की मेक इन इंडिया, स्टैंडअप इंडिया, जन धन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्किल इंडिया, बेटी बचाओ – बेटी पढ़ाओ जैसी और भी कई योजनाएं हैं जिन्होंने सरकार के सफलतापूर्वक किए जा रहे कार्यों के बीते तीन वर्षों में अपना प्रभाव छोड़ा है. लोगों में उम्मीद जताई है. भरोसा पैदा किया है. यहाँ मैं सरकार की वन रैंक वन पेंशन योजना का भी जिक्र करना चाहूँगा. जिससे वर्षों से चली आ रही हमारे पूर्व सैनिकों की मांग को मान लिया है. सचमुच माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की अगुवाई में केंद्र में काम कर रही एनडीए की सरकार के बीते तीन साल पर हम गर्व कर सकते हैं. हालांकि अभी बहुत काम करना बाकी है, प्रधानमंत्री जी की नीतियों, कार्यक्रमों और विकास की योजनाओं पर होने वाले कार्यों को लेकर देश की जनता ने जो धैर्य दिखाया है और भरोसा इस बात का जताया है कि हां, प्रधानमंत्री जी ने जो कहा है वह वे करेंगे. एक प्रकार से कहे तो देश आज माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी का दीवाना हो चला है. उनकी दीवानगी देश के जन-जन के मुंह से सुनी जा सकती है. यह मैं ही नहीं कह रहा हूँ, देश का कोई भी अखबार हो या न्यूज़ चैनल जनता के बीच किए गए अपने सर्वे में सब माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के कार्य पर मुहर लगा रहे हैं.